डेराबस्सी/एस.ए.एस. नगर : डेराबस्सी के विधायक श्री कुलजीत सिंह रंधावा की उपस्थिति में आज ब्लॉक समिति डेराबस्सी के नव-नियुक्त चेयरमैन श्री प्रदीप सचदेवा और वाइस चेयरपर्सन श्रीमती गीता रानी ने अपना पदभार ग्रहण किया। इस अवसर पर विधायक रंधावा ने उन्हें बधाई देते हुए कहा कि वे अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हुए क्षेत्र के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दें।
इस मौके पर “रंगला पंजाब” योजना के तहत डेराबस्सी हलके के लगभग 50 गांवों—जिनमें आगापुर, बहादुरगढ़, बैरमाजरा, बसौली, भगवानपुर, भगवासी, भुखड़ी, डंगडेहरा, धर्मगढ़, धीरेमाजरा, फतेहपुर जट्टां, गुरु नानक कॉलोनी, हैबतपुर, इब्राहिमपुर, ईसापुर जंगी, झरमड़ी, जोधपुर, कसौली, खेड़ी, खेड़ी गुज्जरां, कुरली, मालण, मीरपुर, नगला, निम्बुआं, पुनसर, रामगढ़ रूड़की, रामपुर सैणियां, रानीमाजरा, राजापुर, साधनगढ़ कॉलोनी, संगोठा, सियूली, शिताबगढ़, सीहपुर, टरड़क, मंडी खजूर, साधापुर, खेड़ी जट्टां, रामपुर बहाल, हंडेसरा, मल्कपुर, ककराली, टिवाणा, जोला खुर्द, बरोली, दफरपुर, त्रिवेदी कैंप, पंडवाला, जंडली आदि शामिल हैं—को विकास कार्यों के लिए कुल 2.5 करोड़ रुपये के ग्रांट चेक वितरित किए गए।
विधायक रंधावा ने बताया कि यह फंड गांवों में बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और समग्र विकास के लिए उपयोग किया जाएगा। इन कार्यों में श्मशान घाटों के लिए रास्ते, टाइल्स, शेड, चारदीवारी और छत का निर्माण, धर्मशालाओं के विभिन्न कार्य, गलियों की दीवारें, सड़कों की मरम्मत, गलियों और नालियों का सुधार, पंचायत घर, पार्क, खेल मैदान, कॉलोनियों के रास्ते, गंदे पानी की निकासी, कम्युनिटी सेंटर में बाथरूम, स्ट्रीट लाइट्स तथा गुग्गा माड़ी में टाइल्स लगाने जैसे कार्य शामिल हैं।
उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार द्वारा गांवों के सर्वांगीण विकास के लिए बड़े स्तर पर योजनाएं चलाई जा रही हैं और “रंगला पंजाब” योजना इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार का उद्देश्य प्रत्येक गांव को मॉडल गांव बनाना है और लोगों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवाने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी।
विधायक रंधावा ने नव-नियुक्त चेयरमैन और वाइस चेयरपर्सन से अपील की कि वे पारदर्शिता और ईमानदारी के साथ अपनी जिम्मेदारियां निभाएं और लोगों की अपेक्षाओं पर खरा उतरें। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के विकास के लिए सभी को मिलजुल कर कार्य करने की आवश्यकता है।
इस अवसर पर विभिन्न विभागों के अधिकारी, गांवों के पंच, सरपंच, स्थानीय नेता तथा बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी उपस्थित थे।
