रोमी सिंह /रमोला न्यूज़
हरिद्वार / पंचकूला: धर्म नगरी हरिद्वार में उस समय आध्यात्मिक और भक्तिमय माहौल देखने को मिला जब श्री हिंदू तख्त के महंत प्रवीण कुमार एवं महामंडलेश्वर प्रकाशानंद महाराज ने पवित्र गंगा तट पर पहुंचकर विधि-विधान के साथ गंगा स्नान किया और विशेष पूजा-अर्चना संपन्न की।
संतों के आगमन से हरिद्वार का माहौल पूरी तरह भक्तिमय हो गया। गंगा घाट पर मौजूद श्रद्धालुओं ने हर-हर महादेव और गंगा मैया के जयकारों के साथ संतों का स्वागत किया। इस दौरान देशभर से पहुंचे श्रद्धालुओं ने भी संत समाज का आशीर्वाद प्राप्त किया और धर्म एवं संस्कृति के प्रति अपनी आस्था व्यक्त की।
महामंडलेश्वर प्रकाशानंद महाराज जी ने कहा कि मां गंगा भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा की पहचान हैं। गंगा स्नान मनुष्य के तन और मन दोनों को पवित्र करता है तथा जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है। उन्होंने कहा कि आज पूरे देश को एकजुट होकर सनातन धर्म की परंपराओं को आगे बढ़ाने की आवश्यकता है।
महंत प्रवीण कुमार जी ने कहा कि धर्म और संस्कृति की रक्षा करना हर सनातनी का कर्तव्य है। उन्होंने कहा कि भारत की पहचान उसकी आध्यात्मिक शक्ति और धार्मिक मूल्यों से है। सनातन संस्कृति विश्व को शांति, प्रेम और भाईचारे का संदेश देती है और आने वाली पीढ़ियों तक इन मूल्यों को पहुंचाना बेहद जरूरी है।
पूजा-अर्चना के दौरान देश की सुख-समृद्धि, विश्व शांति, समाज में भाईचारे तथा मानव कल्याण के लिए विशेष प्रार्थना की गई। संत समाज ने कहा कि धार्मिक आयोजन समाज को जोड़ने और लोगों में सकारात्मक सोच विकसित करने का माध्यम बनते हैं।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में संत समाज, श्रद्धालु एवं स्थानीय लोग मौजूद रहे। श्रद्धालुओं ने संतों से आशीर्वाद प्राप्त कर अपने परिवार की खुशहाली और उज्ज्वल भविष्य की कामना की। पूरे कार्यक्रम के दौरान गंगा घाट पर आध्यात्मिक वातावरण बना रहा और भक्ति रस की अविरल धारा बहती रही।
