रमोला न्यूज़
चंडीगढ़ :
मीडिया वेल बीइंग एसोसिएशन (रजिस्टर्ड) के उपाध्यक्ष पवन चोपड़ा ने पलवल के जिला लोक संपर्क अधिकारी (डीआईपीआरओ) द्वारा संस्था के जिलाध्यक्ष गुरुदत्त गर्ग एवं अन्य पत्रकारों के साथ कथित दुर्व्यवहार, अभद्र व्यवहार तथा पत्रकारिता कार्य में बाधा उत्पन्न करने के मामले की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि पत्रकारों के साथ इस प्रकार का व्यवहार लोकतांत्रिक व्यवस्था, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता तथा पत्रकारिता की गरिमा के विपरीत है। ऐसे मामलों में निष्पक्ष जांच कर दोषी अधिकारी के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई करते हुए उन्हें सेवा से बर्खास्त किया जाना चाहिए।पलवल एम डब्ल्यू बी के अध्यक्ष गुरुदत्त गर्ग के अनुसार इस मामले की तुरंत लिखित शिकायत एस पी पलवल के कार्यायल में शिकायत पुलिस बुक नम्बर 419 में प्राप्ति रसीद नम्बर 75 दिनांक 2 जुलाई 2026 को दे दी गई है।
पवन चोपड़ा ने कहा कि इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र ही हरियाणा के महानिदेशक सूचना, जनसंपर्क, भाषा एवं संस्कृति विभाग (डीजीआईपीआर) तथा मुख्यमंत्री के प्रेस सचिव प्रवीण अत्रे को विस्तृत ज्ञापन सौंपा जाएगा। ज्ञापन के माध्यम से मांग की जाएगी कि जिन पत्रकारों के साथ कथित रूप से दुर्व्यवहार और उत्पीड़न हुआ है, उनकी शिकायतों की निष्पक्ष जांच कराई जाए तथा संबंधित डीआईपीआरओ के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई करते हुए उन्हें तत्काल बर्खास्त किया जाए।
उन्होंने कहा कि मीडिया वेल बीइंग एसोसिएशन के पलवल जिलाध्यक्ष गुरुदत्त गर्ग एक मान्यता प्राप्त, वरिष्ठ एवं प्रबुद्ध पत्रकार हैं। यदि मोबाइल से वीडियो रिकॉर्डिंग के दौरान उनके साथ अभद्र व्यवहार किया गया, कैमरे पर हाथ मारा गया तथा रिकॉर्डिंग करने से रोका गया, तो यह न केवल एक पत्रकार के अधिकारों का हनन है बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों एवं प्रेस की स्वतंत्रता पर भी सीधा प्रहार है। किसी भी सरकारी अधिकारी से इस प्रकार का व्यवहार अपेक्षित नहीं है।
पवन चोपड़ा ने कहा कि जिला लोक संपर्क अधिकारी का दायित्व सरकार और मीडिया के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना, पत्रकारों को आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराना तथा उनके सम्मान और गरिमा की रक्षा करना है। सरकार की योजनाओं और जनकल्याणकारी कार्यक्रमों को आमजन तक पहुंचाने में पत्रकार महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे में यदि किसी अधिकारी द्वारा पत्रकारों के साथ अमर्यादित व्यवहार किया जाता है तो इससे पूरी पत्रकार बिरादरी की भावनाएं आहत होती हैं और सरकार की छवि पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।
उन्होंने कहा कि यदि आवश्यकता पड़ी तो मीडिया वेल बीइंग एसोसिएशन का एक प्रतिनिधिमंडल शीघ्र ही पलवल का दौरा करेगा। वहां की जिला इकाई जो भी लोकतांत्रिक एवं वैधानिक निर्णय लेगी, संगठन उसका पूर्ण समर्थन करेगा तथा पत्रकारों के सम्मान और अधिकारों की रक्षा के लिए हर स्तर पर उनके साथ मजबूती से खड़ा रहेगा।
पवन चोपड़ा ने कहा कि हरियाणा सरकार एक मीडिया फ्रेंडली सरकार है तथा मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी स्वयं पत्रकारों के सम्मान और प्रेस की स्वतंत्रता के पक्षधर हैं। उन्हें पूरा विश्वास है कि सरकार इस मामले को गंभीरता से लेते हुए निष्पक्ष जांच कराएगी और दोषी पाए जाने पर उचित एवं कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करेगी। उन्होंने कहा कि सरकार और मीडिया के बीच विश्वास, संवाद और सहयोग का वातावरण बनाए रखना लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए आवश्यक है।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि हरियाणा सरकार के सकारात्मक, पारदर्शी और संवेदनशील दृष्टिकोण के चलते इस पूरे प्रकरण का शीघ्र समाधान निकलेगा। मुख्यमंत्री, डीजीआईपीआर तथा संबंधित वरिष्ठ अधिकारियों के संज्ञान में मामला आते ही पत्रकारों की शिकायतों पर न्यायोचित कार्रवाई होगी। साथ ही भविष्य में किसी भी पत्रकार के साथ इस प्रकार की घटना की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए भी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि मीडिया वेल बीइंग एसोसिएशन पत्रकारों के सम्मान, सुरक्षा और अधिकारों की रक्षा के लिए निरंतर संघर्ष करती रहेगी और किसी भी प्रकार के उत्पीड़न को किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
