सुमेश कुमार/ रमोला न्यूज़
चंडीगढ़, 20 मई, :
पंजाब के राज्यपाल एवं यू.टी. चंडीगढ़ के प्रशासक श्री गुलाब चंद कटारिया के आह्वान पर चंडीगढ़ प्रशासन द्वारा पर्यावरण अनुकूल एवं सतत परिवहन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से “नो व्हीकल बुधवार” मनाया गया।
चंडीगढ़ प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने साइकिल, पैदल चलकर, सीटीयू बसों, कारपूलिंग तथा ई-वाहनों के माध्यम से कार्यालय पहुंचकर इस पहल में सक्रिय भागीदारी निभाई। इस पहल का उद्देश्य ईंधन संरक्षण, सतत गतिशीलता और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देना है।
मुख्य सचिव श्री एच. राजेश प्रसाद ने साइकिल से कार्यालय पहुंचकर इस अभियान का नेतृत्व किया। मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि वे व्यक्तिगत रूप से भी फिटनेस के लिए साइकिल का उपयोग करते हैं तथा इस अभियान को ईंधन संरक्षण, पर्यावरण सुरक्षा और सतत परिवहन को प्रोत्साहित करने की दिशा में सराहनीय कदम बताया। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रयासों में जनभागीदारी राष्ट्रीय विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे सकती है तथा शहर के प्रबुद्ध नागरिकों से पर्यावरण अनुकूल परिवहन साधनों को अपनाने की अपील की।
इस पहल में गृह सचिव श्री मंदीप सिंह बराड़, चंडीगढ़ पुलिस के डीजीपी डॉ. सागर प्रीत हुड्डा, आईजीपी श्री पुष्पेंद्र कुमार, निदेशक जनसंपर्क श्री राजीव तिवारी, खेल निदेशक श्री सौरभ कुमार अरोड़ा तथा मुख्य अभियंता श्री सी.बी. ओझा साइकिल से कार्यालय पहुंचे, जबकि शिक्षा सचिव सुश्री प्रेरणा पुरी एवं उपायुक्त श्री निशांत कुमार यादव पैदल अपने कार्यस्थल तक पहुंचे। आईटी सचिव श्री डी. कार्तिकेयन, अतिरिक्त सचिव गृह श्री अमित कुमार, निदेशक परिवहन श्री अविकेश गुप्ता तथा अतिरिक्त सचिव एचएसी श्री अखिल कुमार ने सीटीयू बसों का उपयोग किया। वहीं, समाज कल्याण विभाग की सचिव सुश्री अनुराधा एस. चगती, समाज कल्याण विभाग की निदेशक सुश्री राधिका सिंह तथा तकनीकी शिक्षा निदेशक सुश्री पालिका अरोड़ा ने कारपूलिंग का विकल्प अपनाया, जबकि निदेशक स्कूल शिक्षा श्री नितिश सिंगला ई-वाहन से कार्यालय पहुंचे।
यह पहल ईंधन संरक्षण, ट्रैफिक जाम एवं प्रदूषण में कमी लाने के साथ-साथ सतत परिवहन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शुरू की गई है। साथ ही यह पैदल चलने और साइकिल चलाने के माध्यम से स्वस्थ जीवनशैली और समग्र स्वास्थ्य के महत्व को भी रेखांकित करती है।
