तिलक चंद रमोला नौगांव: नगर पंचायत के जागृत्ति पब्लिक उच्चतर माध्यमिक विद्यालय नौगांव में मंगलवार को नौंवा त्रिबार्षिक उत्सव रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ संपन्न हो गया।
राज्य मंत्री राजकुमार जिपं सदस्य विजय प्रकाश बंधानी व अनिता नेगी में शामिल होकर दीप जलाकर कार्यक्रम का उद्घाटन किया।
नौवें बार्षिक उत्सव की शुरूआत स्कूली बच्चों ने गणेश बंदना, गणपति बाबा मौर्य, जय मां सरस्वती बंदना, स्वागत गान, के अलावा रवांई के प्रसिद्ध रूदेश्वर महाराज के गीत की शानदार प्रस्तुती ने स्कूली बच्चों तथा छोटे-छोटे बच्चों ने
एक से बढक़र शानदार प्रस्तुती दी,
बार्षिक उत्सव में विद्यार्थियों के प्रस्तुत विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने सभा को मंत्रमुग्ध कर दिया।
मुख्य अतिथी बतौर राज्य मंत्री राजकुमार ने अपने संबोधन में विधालय शैक्षणिक व्यवस्थाओं की सराहना की। कहा
मातृ शक्ति के बदौलत बच्चे आगे नहीं बढ़ सकता, इसलिए आगे बढ़ने के लिए लक्ष्य के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा भरी।
विधालय प्रबंधक केदार सिंह तथा प्रधानाचार्य जयवीर
ने स्कूल के अपने 26 बर्षों के वार्षिक विवरण प्रस्तुत किया।
और अतिथियों ने अपने मूल्यवान उद्बोधन के माध्यम से विद्यार्थियों को प्रेरित किया।
इस अवसर पर मुख्य अतिथियों की ओर से
मेधावी छात्रों में आराध्या बंधानी, वंशिका, वैशनवी राणा, स्मृति, प्राची, उत्सव रावत, अंशिका,आरोही,
श्रृष्टि, देव नंदनी, नेहा, आरोशी, अनवी, सिदवी, आदि छात्रा ओं को विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि राज्य मंत्री राजकुमार,
जिंप सदस्य विजय प्रकाश बंधानी,
पीटीए अध्यक्ष सकल चंद, विशेष आंमत्रित सदस्य अनिता नेगी, जशवंत ठाकुर, श्वेता राजकुमार, जगमोहन चंद, रणवीर रावत, सभासद कृष्ण मोहन चंद, ललित परमार, रोहित रावत, सुनील कोहली, विपीन रमोला, बलदेव चौहान, विजय सिंह,
रोहित, जयेन्द्र रावत, सुनील कोहली, सुनील चंद, सहित बच्चों के अभिभावक व शिक्षक मौजूद थे।
कार्यक्रम का संचालन सुनील कोहली ने किया।
बार्षिक उत्सव में पांरमपरिक परिधान व गढ़ भोज रहा आकर्षक केंद्र
नौगांव : बार्षिक उत्सव में स्कूली छात्र ओं ने पांरमपरिक परिधान धोती, कुर्ती, ढांटू, साफा, नथ, झुमकी, तैमाणी, व मंगलसूत्र में सजधजकर गढ़ भोज परोसा, जिसमें रंवाई के पांरमपरिक व्यंजन गहथ का फाणू, झंगोंरे की खीर, कोदा मडुवे का डिंडके, काली दाल का चौसा, मंसूर की बड़ील, चौलाई का लड्डू, कद्दू रायता, मीठे सीड़े, आदि का परोस कर मुख्य अतिथियों ने इसका स्वाद चखा।

