सुरेंद्र सिंह/ रमोला न्यूज़ ब्यूरो
पिंजौर: बारिश के बाद कालका, पिंजौर और आसपास के क्षेत्रों और कालका विधानसभा के अन्य क्षेत्र में जलभराव के कारण मच्छरों की संख्या बढ़ रही है। इसे लेकर कालका के पूर्व विधायक प्रदीप चौधरी ने सरकार और प्रशासन से समय रहते प्रभावी कदम उठाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि हर वर्ष बरसात के मौसम में डेंगू, मलेरिया और अन्य मच्छरजनित बीमारियों की आशंका बढ़ जाती है। ऐसे में सबसे जरूरी है कि फॉगिंग और मच्छर नियंत्रण का अभियान अभी से तेज किया जाए, ताकि लोगों को परेशानी का सामना न करना पड़े।
प्रदीप चौधरी ने कहा कि सरकार पंचायतों को विशेष फंड उपलब्ध कराए, जिससे प्रत्येक गांव में नियमित फॉगिंग कराई जा सके। वहीं कालका-पिंजौर नगर परिषद क्षेत्र के वार्डों में भी सुनियोजित तरीके से अभियान चलाया जाए और पार्षदों के साथ तालमेल बनाकर फॉकिंग करवाई जाए। उन्होंने सुझाव दिया कि स्वास्थ्य विभाग और स्थानीय निकाय पिछले वर्षों में जहां डेंगू या मलेरिया के अधिक मामले सामने आए थे, उन क्षेत्रों की पहचान कर वहां विशेष निगरानी, एंटी-लार्वा दवा का छिड़काव और नियमित फॉगिंग सुनिश्चित करें। इससे बीमारी फैलने की संभावना को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
पूर्व विधायक ने कहा कि यह जनस्वास्थ्य से जुड़ा मुद्दा है। उन्होंने प्रशासन से अपील की कि बारिश के मौसम को देखते हुए फॉगिंग, नालियों की सफाई और जलभराव वाले स्थानों पर त्वरित कार्रवाई की जाए। चौधरी ने कहा कि यदि समय रहते एहतियाती कदम उठाए जाएं तो लोगों को राहत मिलेगी और बरसात के दौरान मच्छरजनित बीमारियों पर प्रभावी नियंत्रण रखा जा सकेगा।

